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चांदपोल


प्रसिद्ध चांदपोल और चांदपोल गेट छोटी चोपड़ के बीच में स्थित है। चांदपोल मसालों, संगमरमर की मूर्तियां, दालों और किराने की वस्तुओं की खरीदारी आदि एक बड़ी विविधता के लिए ये बाजार प्रसिद्ध है।

यहां के उत्पाद

तथ्य यह है कि अगर आप प्रामाणिक मसाले और जयपुर की दालों की खरीददारी करना चाहते हैं तो यह आपके लिए एक आदर्श स्थान है। वास्तव में यहां के मसाले पीसने का रोजगार और मसाले की दुकाने ग्राहकों को  खिंचती है। आप अगर बीएस  कर रहे है तो आप दूर से बता देगे कि यहां पर मसाले पीसे जाते है।

अनुभव

इन सगको पर चलने से आँखे और नाक का शानदार इलाज हो सकता है। हल्दी की खुशबु और इलाइची की खुशबु, जायफल की शरारती खुशबु यहां पर विभिन्न प्रकार की अलग-अलग खुशबुए आती है आप यहां पर यात्रा करने के लिए आएंगे तो आपको खुसबूओ का एक अलग ही अनुभव होगा। यहां पर सड़क पर चलने से अलग ही अहसास होता है यहां पर साडी की दुकाने गुलाबी रंग की है और सुब एक जैसी बनी हुई है। यह दुकाने बीते युग के पारम्परिक रियायतों और पुराने परिवहन की याद दिलाती है। यह दुकानदार अपनी दुकानों के बाहर अपने सामान का कुछ सेम्पल रखते है जब आप वहां पर खरीदारी करने के लिए जाते हो तो ये आपको अनाज और मसालो के बारे में विस्तार से जानकारी देते है। आप यहां पर जाते है तो आपको अच्छा सामान मिलेगा और आपका अच्छा मनोरंजन होगा और आपको ऐसे अनाज के बारे में पता चलेगा जो आपने कभी देखा भी नही होगा। ये दुकानदार मसाले और दालो के असली परख रखते है।

जब आप इस बाजार में खरीदारी करने के लिए जाते है मसालो की अलग-अलग तरह की खुशबु हमारे दिमाग में आती है तो हमारी भूख बढ़ जाती है|

रचनात्मकता

जब आप जयपुर में बाजार में दक्षिणी की तरफ जाते है तो वहां पर  मसालों का रचनात्मकता हब एक केंद्र बन जाता है। यहां पर आप सगमरमर की उत्तम मुर्तियो के प्रसिद्ध कारीगरों को देख सकते हो। आप यहां पर इस मास्टर शिल्पकरो के द्वारा बनाई गई खूबसूरत टुकड़े क्राफ्टिंग जिसको देख कर लोगो की आँखे खुली ही रह जाती है। यह जगह भी मंदिरो के लिए प्रसिद्ध है।

चांदपोल में सबसे प्रसिद्ध मंदिरो में से एक है हनुमान जी का मंदिर, कहा जाता है कि यहाँ की प्रतिमा महाराजा मान सिंह के द्वारा स्थापित करवाई गई थी। यहां पर रामचन्द्र जी और शनिदेव जी का भव्य मंदिर भी प्रसिद्ध है।

 

 


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